सामाजिक न्याय की ग़लत व्याख्या का नतीजा हार !!
सभी लोग इस बात पर चर्चा कर रहे हैं कि हरियाणा में जो ज़मीन पर दिखा वह ऐसा तो नहीं था जैसा परिणाम...
वह तोड़ते भारत देखा उसे मैंने न्यू इंडिया के पथ पर।
आपने महाकवि सूर्यकांत त्रिपाठी निराला की मशहूर कविता वह तोड़ती पत्थर देखा मैंने उसे इलाहाबाद के पथ पर तो सुनी और पढ़ी होगी याद...






































